जयपुर. राजस्थान में मौसमी बीमारियां तेजी से पैर पसार रही हैं. सबसे ज्यादा खतरा डेंगू का सामने आ रहा है. प्रदेशभर में अब तक डेंगू के 4227 केसेज सामने आ चुके हैं. कोटा में एक नर्सिंग छात्रा की डेंगू से मौत होना सामने आया है. छात्रा तीन दिन पहले डेंगू पॉजीटिव आई थी. उसके बाद तबीयत बिगड़ने पर परिजनों ने उसे पहले इटावा और फिर कोटा मेडिकल कॉलेज के नए अस्पताल में भर्ती करवाया था. वहां पर शुक्रवार को छात्रा चंद घंटे भर्ती रही थी. उसके बाद उसकी मौत हो गई.जानकारी के अनुसार राजस्थान में इस साल अब तक डेंगू के 4227 केस रिपोर्ट हो चुके हैं. इनमें से 1735 केस तो महज बीते 16 दिनों में रिपोर्ट किए गए हैं. डेंगू सबसे ज्यादा उदयपुर में पैर पसार रहा है. वहां सबसे ज्यादा 550 डेंगू केस सामने आए हैं. उसके बाद जयपुर में सबसे ज्यादा डेंगू पीड़ित पाए गए हैं. इनका आंकड़ा 396 तक पहुंच गया है. जबकि जयपुर ग्रामीण इलाके में 333 केस आए हैं. उसके बाद सबसे ज्यादा केस बीकानेर जिले में पाए गए हैं. वहां डेंगू के 329 पीड़ित पाए गए हैं.
डेंगू के पूरे प्रदेश में ये हैं हालात
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार इनके अलावा अजमेर में 119, अलवर में 131, भरतपुर में 102, बूंदी में 103, दौसा में 209, गंगापुरसिटी में 101, कोटा में 178, राजसमंद में 110 और टोंक जिले में 135 डेंगू केस पाए गए हैं. मौसमी बीमारियों के कारण जयपुर समेत प्रदेशभर के सरकारी और प्राइवेट अस्पतालों की ओपीडी मौसमी बीमारियों से भरी पड़ी है.
कोटा केस के बाद स्वास्थ्य महकमे में मचा हुआ है हड़कंप
कोटा में डेंगू पीड़िता नर्सिंग छात्र की मौत के बाद चिकित्सा महकमे में हड़कंप मचा हुआ है. नर्सिंग कॉलेज के हॉस्टल में सन्नाटा पसरा हुआ है. हॉस्टल प्रशासन ने सभी छात्राओं को छुट्टी दे दी है. वहां और भी कई छात्राएं डेंगू पीड़ित बताई जा रही है. कोटा में इस साल डेंगू अब तक 178 मामले सामने आ चुके हैं. हालांकि सरकार का दावा है कि वह अलर्ट मोड पर है. मौसमी बीमारियों से मुकाबला करने के लिए सरकार ने पूरे सिस्टम को अलर्ट कर रखा है. लेकिन आंकड़े बता रहे हैं कि हालात दिन प्रतिदिन खराब होते जा रहे हैं.















