नेशनल नूडल्स डे सिर्फ नूडल्स खाने का नहीं, बल्कि इस डिश के लंबे और दिलचस्प इतिहास को जानने का भी मौका है. इसलिए हर साल 6 अक्टूबर को यह दिन मनाया जाता है. हालांकि, इसकी शुरुआत 2006 में अमेरिका के थॉमस और नैनेट मैककॉर्ड ने मिलकर की थी. नूडल्स आज दुनिया के सबसे पसंद किए जाने वाले फूड्स में शामिल हैं. बच्चों से लेकर बड़ों तक, हर किसी को नूडल्स की अलग-अलग वैरायटी पसंद आती है. भारत में भी हक्का नूडल्स, चाउमीन और इंस्टेंट नूडल्स काफी पसंद किए जाते हैं, लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि नूडल्स की शुरुआत आखिर कहां से हुई और यह डिश पूरी दुनिया में इतनी लोकप्रिय कैसे हो गई? हर साल नेशनल नूडल्स डे नूडल्स को सेलिब्रेट करने के लिए मनाया जाता है. इस मौके पर आइए जानते हैं नूडल्स के इतिहास और इसके बनाने की शुरुआत कैसे हुई.
सबसे पहले कहां बनाए गए थे नूडल्स?
नूडल्स को लेकर लंबे समय से चर्चा होती रही है. चीन को नूडल्स के शुरुआती इतिहास को चीन से जोड़ा जाता है. चीन में हजारों साल पहले से अलग-अलग तरह के नूडल्स बनाए और खाए जाते रहे हैं. पुरातात्विक खोजों में चीन के लाजिया पुरातात्विक स्थल से लगभग 4000 साल पुराने नूडल्स भी मिले थे.
नूडल्स चीन से दुनिया तक कैसे पहुंचे?
समय के साथ नूडल्स एशिया के अलग-अलग हिस्सों में पहुंचे और हर जगह इन्हें अपने हिसाब से तैयार किया जाने लगा. जापान में रेमन और उडोन जैसे नूडल्स लोकप्रिय हुए, जबकि इटली में पास्ता बनाने की विधि लोकप्रिय हुई. अलग-अलग संस्कृतियों ने भी नूडल्स को पहचान दिलाने में मदद की.
भारत में कैसे पॉपुलर हुए नूडल्स?
भारत में नूडल्स इंडो-चाइनीज खाने के साथ आया. इसमें सब्जियां, मसाले, सॉस और अलग-अलग तरह के सीजनिंग का इस्तेमाल किया जाने लगा. आज वेज नूडल्स, हक्का नूडल्स, चिली गार्लिक नूडल्स और कई दूसरी वैरायटी रेस्टोरेंट से लेकर स्ट्रीट फूड तक आसानी से मिल जाती हैं.
इंस्टेंट नूडल्स ने बदल दी कहानी
नूडल्स की लोकप्रियता को बढ़ाने में इंस्टेंट नूडल्स की बड़ी भूमिका रही. इन्हें जल्दी और आसानी से तैयार किया जा सकता है और कुछ ही मिनटों में तैयार होने वाले इंस्टेंट नूडल्स ने दुनियाभर में अपनी अलग पहचान बनाई और नूडल्स को घर-घर तक पहुंचाने में मदद की.
फिर क्यों मनाया जाता है नेशनल नूडल्स डे?
नेशनल नूडल्स डे सिर्फ नूडल्स खाने का मौका नहीं, बल्कि इस डिश के लंबे और दिलचस्प इतिहास को जानने का भी मौका है. इसलिए हर साल 6 अक्टूबर को यह दिन मनाया जाता है. हालांकि, इसकी शुरुआत 2006 में अमेरिका के थॉमस और नैनेट मैककॉर्ड ने मिलकर की थी.














